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सकारात्मक सोच के प्रकंपन से जुड जाता है सारा विश्व

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महाराष्ट्र राज्य समाचार

द पॉवर ऑफ इनवेस्टमेंट विषय पर व्यक्त विचार

शिव आमंत्रण, मुम्बई। मुम्बई के मालाड द्वारा ‘द पॉवर ऑफ इनवेस्टमेंट इन द सेल्फ’ विषय पर आनलाइन टॉक आयोजन किया गया जिसमें फिल्म अभिनेत्री अमिता नांगिया, फिल्म अभिनेत्री सम्पदा वझे, मलाड सेवाकेंद्र प्रभारी बीके कुती, फ्लैमिंगो सेवाकेंद्र प्रभारी बीके नीरजा समेत कई लोग जुड़े।
बातचीत की शुरूआत करते हुए बीके कुन्ति ने सभी का ध्यान खिंचवाया कि आज व्यक्ति को सेहत, धन और दूसरों से रिस्ते संवारने के साथ अपने मन का भी ख्याल रखने की बहुत जरूरत है। हमारे मन के अन्दर जो नेगेटीव बाते है यही बीमारी है। नेगेटीव बाते लाते रहेंगे, लाते रहेंगे और सोचते रहेंगे तो हमारा मन भारी हो जाता है। इसमे हमारी सारी शक्तियां खतम हो जाती है।
इस मौके पर फिल्म अभिनेत्री अमिता नांगियाने कहा, बहोत इंपार्टंट है लाईफ में कि पहले अपने आप से प्यार करो, तो ही दुनिया आप को प्यार करेगी। दूसरा, सदा सकारात्मक सोचो। जब आप सकारात्मक सोचते हो तो उसका असर आसपास के पर्र्यावरण पर भी पडता है और पूरा विश्व इस प्रकंपन के साथ जुड जाता है।
फिल्म अभिनेत्री सम्पदा वझे ने कहा, मुसीबत के वक्त ही हमारे अंदर की शक्तियां अपना रूप दिखाती है। मुसीबते हमे बताके नही आती। लॉकडाउन कभी बता के नही आया। लेकिन उस वक्त हमे पता चला कि कौन कितने पानी मे है। किसी को नीचा दिखाने के लिए नही बोल रही हूं लेकिन जिंदगी की भागदौड मे हम इतने बीजी हो जाते है कि अपनी इन्वेस्टमेंट के बारे मे सोचते नही है। इस वक्त पता चला कि हमारा इन्वेस्टमेंट कितना इंपार्टंट है। वो मैने इस परिस्थिती से सीखा।
फ्लैमिंगो सेवाकेंद्र प्रभारी बीके नीरजा ने कहा, मुझे इन्वेस्ट कहां करना यह मालूम होगा तो मै इन्वेस्ट करूंगी। आत्मा के बारे मे नॉलेज अगर होगा तो मै अच्छी तरह से इन्वेस्ट करूंगी। जिससे मेरे सारे वेस्ट है वह बेस्ट में कन्वर्ट कर सकते है। यह भी एक बात है कि मै अपने को एक्सेप्ट करने के बजाए मै दूसरे से अपेक्षा रखूंगी तो क्या वह सही होगा? जब मै ही अपने से प्यार नही करती तो दूसरे कैसे करेंगे? जब मै अपने लिए ही खडी नही हो पा रही हूं तो मेरे लिए कौन खडा रहेगा? जब मै मेरे लिए इन्वेस्ट नही कर पा रही हूं तो मेरे मे कौन इन्वेस्ट करेगा?

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