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डब्लूसीएम याद रखो, आगे चलते चलो - Shiv Amantran | Brahma Kumaris
डब्लूसीएम याद रखो, आगे चलते चलो

डब्लूसीएम याद रखो, आगे चलते चलो

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शिव आमंत्रण, आबूरोड। ब्रह्माकुमारीज़ के शिक्षा प्रभाग द्वारा नौनिहालों के लिए चल रहे डिवाइन सैपलिंग्स इ समर कैंप के पहले ग्रुप अर्थात एंजल ग्रुप में 9 से 11 साल के बच्चों ने हिस्सा लिया जिसमें इनॉग्रेशन के बाद अगले दिन डे ऑफ हैप्पीनेस रखा गया जिसके अन्तर्गत एंजल ऑफ हैप्पीनेस हैप्टीट्यूड विषय पर मोटिवेशनल स्पीकर बीके रीतू ने प्रकाश डाला तथा बच्चों को निडर बनाने के लिए मोटिवेशन स्पीकर बीके ई वी गिरीश ने बीइंग फियरलेस विषय पर अपने विचार रखे।
बीके रीतू ने कहा, हमे अपनी विशेषताओं को देखना है, अपने को अप्रिसिएट करना है और इसी तरह औरों की भी विशेषताओं को देखना है। तो हम औरों की अच्छी बाते देखेंगे। औरों की अच्छी बाते देखेंगे तो आटोमेटिकली एंजेल ऑफ हैप्पीनेस बन जायेंगे। आल्वेज स्माइलिंग, आल्वेज हैप्पी। बन जाएंगे, कुछ करना नही पडेगा। फिर हम ब्राइट हो जायेंगे। अपनी विशेषताओं में इतने ब्राइट हो जायेंगे।
मेमोरी और मोटिवेशनल ट्रेनर बीके शक्तिराज ने डिकोडिंग मेमोरी के बारे में बच्चों को अवगत कराया। बीके शक्तिराज ने कहा, अपनी पढ़ाई करो तो याद रखना है डब्लूसीएम। वॉच युवर माइंड, देन कॅच युवर माइंड ,कई घुम तो नही रहा है। फिर मॅच करो स्टडी में। वॉच, कॅच, मॅच। समझो आपका माइंड कहां घुमने जाने का प्लॅन कर रहा है। उसको कॅच करो और बताओ कि तुझे अभी घुमने नही जाना है, तुझे यहां रहना है।
डॉ. सुजाता ने योग के बारे में बच्चों को जानकारी दी। इस सभी इंटरैक्टिव सेशन के साथ मेडिटेशन सेशंस, क्रिएटिव वर्कशॉप्स और कई प्रकार की प्रतियोगिता भी कराई गई जिसमें बच्चों ने बढ़-चढक़र हिस्सा लिया और अपनी कला का प्रदर्शन किया।वहीं वेस्ट को बेस्ट बनाने की कुछ विधियां बताते हुए यह कला बच्चों में भी लाने का प्रयास किया गया।

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