मार्च से अप्रैल के बीच की गई स्टडी बताती है कि कम और ज्यादा एक्सरसाइज करने वालों में तनाव स्तर एक जैसा एक्सरसाइज के आलावा हेल्दी डाइट, पसंदीदा चीजें करना, लोगों से बातचीत भी स्ट्रेस की स्तर को कम कर सकती है करोना वायरस जारी है, लेकिन लोग काम पर लौटने लगे है। बच्चों के […]
आज परमात्मा के दिव्य जन्म और “रथ” के स्वरुप को न जानने के कारण लोगो कि यह मान्यता दृढ़ है कि गीता-ज्ञान श्रीक्रष्ण ने अर्जुन के रथ एम् सवार होकर लड़ाई के मैदान में दिया आप ही सोचिये कि जबकि अहिंसा को धर्म का परम लक्षण माना गया है और जबकि धर्मात्मा अथवा महात्मा लोग नहो […]
सामने दिए गए चित्र में दिखाया गया है कि स्वस्तिक सृष्टि- चक्र को चार बराबर भागो में बांटता है — सतयुग, त्रेतायुग, द्वापर और कलियुग | सृष्टि नाटक में हर एक आत्मा का एक निश्चित समय पर परमधाम से इस सृष्टि रूपी नाटक के मंच पर आती है | सबसे पहले सतयुग और त्रेतायुग के […]
परमात्मा सर्व व्यापक नहीं है ! यह कितने आश्चर्य की बात है कि आज एक और तो लोग परमात्मा को ‘माता-पिता’ और ‘पतित-पावन’मानते है और दूसरी और कहते है कि परमात्मा सर्व-व्यापक है, अर्थात वह तो ठीकर-पत्थर, सर्प,बिच्छू, वाराह, मगरमच्छ, चोर और डाकू सभी में है ! ओह, अपने परम प्यारे, परम पावन,परमपिता के बारे […]
आबू रोड, 27 सितम्बर, निसं। जिले में भले ही करोना मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है लेकिन उनका रिकवरी रेट भी तेजी से बढ़ रहा है। ब्रह्माकुमारीज मानसरोवर आईसोलेसन सेन्टर में तेजी से करोना मरीज ठीक होकर अपने घरों को जा रहे है। इसी कड़ी में रविवार को 34 करोना मरीजों की रिपोर्ट […]
आबू रोड, निसं। वैसे तो करोना देश और राज्य के अलावा जिले में काफी तेजी से बढ़ रहा है। लेकिन ठीक होने वाले लोगों की ज्यादा संख्या भी खुशी देने वाली है। पूरे प्रदेश में बड़ी संख्या में लोग ठीक हो रहे है। लेकिन संभाग का सबसे बड़ा कोविड केयर सेन्टर आबू रोड के किवरली […]
आबू रोड। बिना नेता के समाज नहीं होता और नेता के लिए समाज का होना आवश्यक है। वह अपने सहज स्वभाव, कुशल वक्ता, सेवक तथा अपनी सामाजिक उपयोगिता के कारण माननीय होता है। देश तथा समाज का उत्थान नेता पर निर्भर करता है। नेता यदि पथ भ्रष्ट हुआ तो देश और समाज भी पतन की […]
शिव आमंत्रण आबू रोड। देशभक्ति हमारे सपूतों के रग-रग में बसती है जो अपना त्याग और बलिदान देकर भारत माता के इस मिट्टी का कर्ज चुकाने के लिए हमेशा तैयार रहते हैं। मृत्यु के भय से मुक्त हुए बिना कोई भी वीर सैनिक अपने सैनिक धर्म-कर्म का उचित निर्वाह नहीं कर सकता है क्योंकि शंका, […]
सितंबर 2016 में मेरे पति मेरा हाथ और साथ छोड़ चल बसे। जिंदगी मानो थम सी गई थी। निराशावादी जिंदगी जीने के लिए विवश थी। उस परिस्थति में पतियों के पति परमात्मा ने मेरा हाथ थामा। फिर राजयोग मेडिटेशन के अभ्यास से जीवन को एकनई दिशा मिली। समझो मुझे एक अलौकिक दिव्य शक्ति ने कहा […]
मेरी बहुत ज्यादा भूलने की प्रवृति से बेहद परेशान रहती थी। आत्म विश्वास दिन प्रतिदिन कम होता जा रहा था। इससे पढ़ाई में भी मन नहीं लगता था। मन नकारात्मक विचारों से भर कर मन को कमजोर किये जा रहा था। इसी क्रम में एक साल पहले मुझे ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान की एक मैगजीन पढ़ते हुए […]
पिछले १५ वर्षों से लगातार ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान के साथ सामाजिक सेवाओं में संलग्र होकर अपने को बेहद खुशी से व्यस्त रखता हूं। खुद को २४ घंटे में १८ घंटा बिजी लाइफ होकर भी इजी लाइफ महसूस करता हूं। मानो हर कठिन कार्य जैसे सहजता से हुआ ही पड़ा है। किसी भी तरह के विघ्न-बाधाओं को […]
अपनी पढ़ाई के दौरान माक्र्स कम आने के वजह से बहुत अपसेट चल रही थी। इसी बीच ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान से जुडक़र मेडिटेशन सीखने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। राजयोग के अभ्यास से मुझमें एकाग्रता की शक्ति का विकास हुआ। इससे मेरी पढ़ाई में काफी उन्नती मिली। इसके अभ्यास से आंतरिक शक्तियों का विकास हुआ और विचारों […]