सभी आध्यात्मिक जगत की सबसे बेहतरीन ख़बरें
ब्रेकिंग
गौरवपूर्ण वृद्धावस्था और सम्मानित जीवन हमारी संस्कृति है: केंद्रीय मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार आने वाले समय में ब्रह्माकुमारीज़ विश्व शांति के प्रयासों का प्रमुख केंद्र होगा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनसंचार की नींव है पारदर्शिता और विश्वास 27 साल में थ्रीडी हेल्थ केयर से 12 हजार हृदय रोगी हुए ठीक राज्यपाल हरिभाऊ किसनराव बागड़े ने राष्ट्रीय मीडिया महासम्मेलन 2025 का किया उदघाटन प्रत्येक व्यक्ति एक यात्रा पर है, इसलिए अपना रोल बेहतर अदा करें: रेलवे महाप्रबंधक अमिताभ यमराज की ललकार, लापरवाही की तो ले जाऊंगा अपने साथ
मप्र-छग से आए दस हजार लोगों ने समाज से नशे को दूर करने का लिया संकल्प - Shiv Amantran | Brahma Kumaris
मप्र-छग से आए दस हजार लोगों ने समाज से नशे को दूर करने का लिया संकल्प

मप्र-छग से आए दस हजार लोगों ने समाज से नशे को दूर करने का लिया संकल्प

मुख्य समाचार
  • मेडिकल विंग की ओर से चलाया जा रहा है देशव्यापी अभियान
  • ब्रह्माकुमार भाई-बहनों ने शांतिवन परिसर में निकाली संकल्प रैली
  • 10768 कार्यक्रम नशामुक्त भारत अभियान के तहत देशभर में आयोजित

शिव आमंत्रण, आबू रोड (राजस्थान)। ब्रह्माकुमारीज़ के मेडिकल विंग की ओर से चलाए जा रहे देशव्यापी नशामुक्त भारत अभियान के तहत शांतिवन परिसर में गुरुवार को संकल्प रैली निकाली गई। हाथों में तख्तियां लेकर ब्रह्माकुमार भाई-बहनों ने नारे लगाए कि हम संकल्प लेते हैं कि अपने घर के आसपास जो लोग भी नशा कर रहे हैं उन्हें इससे दूर करने में अपना पूरा योगदान देंगे। घर-परिवार के सदस्यों को नशे से दूर रहने की समझाइश देकर उन्हें राजयोग मेडिटेशन का संदेश देंगे। भारत देश से नशे की बुराइयों को जड़ से उखाड़ फेंक देंगे।

रैली के पूर्व आयोजित कार्यक्रम में मेडिकल विंग के सचिव डॉ. बनारसी लाल ने कहा कि एक वर्ष में नशामुक्त भारत अभियान के तहत 10768 कार्यक्रम देशभर में आयोजित किए गए हैं। यह अपने आप में बड़ी उपलब्धि है। इन कार्यक्रमों के माध्यम से करीब 25 लाख लोगों को नशे के दुष्परिणाम बताते हुए उन्हें नशे से दूर रहने, नशे के सामाजिक, शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से होने वाले नुकसान के बारे में जागरूक किया गया है। उन्हें जीवन में सदा नशे से दूर रहने की समझाइश देते हुए करीब 20 लाख 63 हज़ार लोगों को मौके पर ही सदा नशामुक्त रहने और व्यसन से दूर रहने की प्रतिज्ञा और संकल्प कराया गया।

मप्र-छग से आए दस हजार से अधिक लोगों ने अपने-अपने क्षेत्र में लोगों को नशामुक्ति का संदेश देने का संकल्प लिया।

28 राज्यों के 345 जिलों में चलाया जा रहा है अभियान-

उन्होंने बताया कि देश के 28 राज्यों के 345 जिलों में सभा, सम्मेलन, नुक्कड़ नाटक, संगोष्ठी, प्रदर्शनी, यात्रा के माध्मय से कार्यक्रम लोगों को नशामुक्ति का संदेश दिया गया। साथ ही देश के 7765 शहर व कस्बों को कवर करते हुए 3003 गांवों में भी आमजन, ग्रामीण और किसानों को राजयोग मेडिटेशन, आध्यात्मिक ज्ञान देते हुए नशे से दूर रहने के लिए जागरूक किया गया। देशभर में मेडिकल विंग से जुड़े हजारों ब्रह्माकुमार भाई-बहनें देशभर के 3486 स्कूल-कॉलेजों के 931601 विद्यार्थियों तक संदेश लेकर पहुंचे। जहां उन्हें खुद नशे से दूर रहने के साथ परिवार में अपने परिजन को भी नशे से दूर रहने के बारे में बताया गया।

रैली में बड़ी संख्या में बहनों ने भाग लिया।

तीन साल तक देशभर में चलाया जाएगा अभियान

बता दें कि भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग और ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान के मेडिकल विंग के बीच तीन साल के लिए एमओयू साइन किया गया है। इसके तहत देशभर में राष्ट्रव्यापी अभियान चलाकर दस करोड़ लोगों को नशामुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है। अभियान के तहत सेमिनार, मोटिवेशनल वर्कशॉप, रैली, प्रदर्शनी, नुक्कड़ नाटक के जरिए जागरूक किया जा रहा है। इसके अलावा मेडिकल विंग द्वारा 35 साल से नशामुक्ति अभियान चलाया जा रहा है। आज लाखों लोग नशामुक्त होकर अध्यात्मिक जीवनशैली के साथ जी रहे हैं।

काउंसलिंग भी कर रहे

नशे की गिरफ्त में फंसे लोगों की ब्रह्माकुमार भाई-बहनों द्वारा काउंसलिंग की जा रही है। राजयोग मेडिटेशन की विधि सिखाकर लोगों को आत्मबल बढ़ाने के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। नशे कैसे व्यक्तिगत, पारिवारिक, सामाजिक और आर्थिक रूप से कमजोर बनाकर सामाजिक ख्याति को खत्म कर देता है आदि बातों के जरिए लोगों को सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए मोटिवेट किया जा रहा है।

राजयोग मेडिटेशन से बढ़ेगी इच्छा शक्ति-

दुनिया में कोई भी नया काम शुरू करने, बुरी आदत को छोडऩे और जीवन में अपने लक्ष्य को प्राप्त करने में हमारी इच्छा शक्ति, आत्म बल, आत्म विश्वास का सबसे बड़ा योगदान होता है। जिन दिन आपने दिल से मन बना लिया कि मुझे तंबाकू छोडऩा है दुनिया की कोई ताकत नहीं जो आपको रोक सके। जरूरत है तो सिर्फ बुलंद इरादे और मजबूत इच्छा शक्ति की। इसमें राजयोग मेडिटेशन आपके लिए संजीबनी बूटी का काम कर सकता है। राजयोग मेडिटेशन के अभ्यास से हमारी विचारों में सकारात्मकता आती है। मन शक्तिशाली बनता है और आत्म विश्वास पैदा होता है। जैसे-जैसे राजयोग ध्यान का अभ्यास बढ़ता जाता है तो हमारा आत्मबल भी बढऩे लगता है। इससे किसी भी कार्य को करने की दृढ़ इच्छा शक्ति हमारे अंदर स्वत: ही आ जाती है। आज एक नहीं बल्कि हजारों ऐसे उदाहरण हैं जो लोग नशे में डूबे थे, दिन-रात शराब की लत में लिप्त थे, ऐसे नौजवान आज राजयोगी जीवनशैली के साथ आनंदमय जीवन जी रहे हैं। वास्तव में राजयोग मेडिटेशन हमारी विचारों की सर्जरी कर नकारात्मक विचारों को सकारात्मक विचारों में बदल देता है।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *